सोच रहा एक किताब लिखूं

By Aditya Pandey

सोच रहा एक किताब लिखूँ
या सिर्फ तुम्हारी याद लिखूँ ,
तुम बिन जो कटी वो रात लिखूँ
या सिर्फ तुम्हारी बात लिखूँ ।

साथ जो गुजरी वो शाम लिखूँ
या सवेरे का वो पैग़ाम लिखूँ ,
वो जो देखे तेरे ख़्वाब लिखूँ
या अश्कों का मैं हिसाब लिखूँ ।

दिल में जो हैं वो अहसास लिखूँ
या रूह में बसे जज़्बात लिखूँ ,
तुम बिन भीगे वो बरसात लिखूँ
या अधूरी सी वो मुलाकात लिखूँ ।

करता हूँ तुमसे कितना प्यार लिखूँ
या किया है कैसे मैंने इंतजार लिखूँ ,
तुम साथ नहीं ये मलाल लिखूँ
या शब्दों से मैं कमाल लिखूँ ।

Aditya Pandey, 17, from Uttar Pradesh, India is a class 12th student who writes whenever he gets some time.